समाज सेवक संस्था के चेयरमेन अकिल बख्शी ने मनरेगा की करीब 390 दिहाड़ियों पर उठाऐ सवाल ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष संदेश ड़ड़वाल पर लगाए आरोप
समाज सेवक संस्था के चेयरमेन अकिल बख्शी ने मनरेगा की करीब 390 दिहाड़ियों पर उठाऐ सवाल ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष संदेश ड़ड़वाल पर लगाए आरोप
(नूरपुर:-विनय महाजन)
नूरपुर हिमाचल प्रदेश नूरपुर ब्लॉक कांग्रेस के मनोनीत अध्यक्ष सन्देश डडवाल के कार्यकाल में पंचायत कमनाला की कथित वित्तीय अनियमितताओं का समाज सेवक संस्था के चेयरमेन अकिल बख्शी ने मनरेगा की करीब 390 दिहाड़ियों पर सवाल उठाकर ब्लॉक कांग्रेस मनोनीत अध्यक्ष संदेश ड़ड़वाल की कारगुजारी पर भ्रष्टाचार के अनेकों आरोप लगाकर आज भेंट वार्ता में नूरपुर मे एक सियासी दल की भूमिका पर प्रश्न चिन्ह लगा दिये है l पंचायत कमनाला के विकास कार्यों और जसूर की पंचायत समिति दुकानों को लेकर भी बक्शी ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बख्शी ने सन्देश डडवाल ने पंचायत कमनाला में उपप्रधान रहते हुए किए गए कार्यों तथा उनकी धर्मपत्नी बबीता डडवाल से जुड़े मनरेगा रिकॉर्ड को लेकर गंभीर सवाल उठाए मनरेगा की करीब 390 दिहाड़ियों को लेकर गंभीर आरोप सवाल उठाने के बाद क्षेत्र में भी हलचल मच गई है l उन्होंने आरोप लगाया कि इन दिहाड़ियों में फर्जी हाजिरी लगाकर सरकारी धन का भुगतान लिया गया। बख्शी ने कहा कि इस मामले में जमीनी स्तर पर काम नहीं हुआ और केवल फर्जी हाजिरी के आधार पर पैसा कमाया गया। उन्होंने संबंधित विभाग से मनरेगा के मस्टर रोल, हाजिरी रजिस्टर, कार्यस्थल की जियो-टैग तस्वीरें और भुगतान रिकॉर्ड की निष्पक्ष जांच करवाने की मांग की। बख्शी ने कहा कि यदि जांच में यह प्रमाणित होता है कि बबीता डडवाल के नाम पर फर्जी हाजिरी लगाकर सरकारी धन का भुगतान लिया गया, तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।पंचायत जनता के विकास के लिए थी, निजी लाभ के लिए नहींl बख्शी ने सन्देश डडवाल पर आरोप लगाते हुए कहा कि पंचायत कमनाला में प्रतिनिधि रहते हुए कई विकास कार्य कथित तौर पर उनकी अपनी जमीन पर करवाए गए, जिन पर लाखों रुपये की सरकारी राशि खर्च हुई। बख्शी ने सवाल किया कि यदि पंचायत समिति की दुकान किसी व्यक्ति को निर्धारित नियमों के तहत आवंटित की गई है, तो क्या उसे आगे किसी तीसरे व्यक्ति को किराये पर देने या पगड़ी लेकर उसका आर्थिक लाभ उठाने की अनुमति है? बख्शी ने कहा कि यदि किसी दुकान को नियमों के विरुद्ध आगे सबलेट किया गया है तो इसकी जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए और पंचायत समिति को आर्थिकरूप से नुकसान हुआ है lबख्शी ने मातृ-शिशु अस्पताल के मुद्दे पर भी अपना रुख स्पष्ट किया कि 2 अक्टूबर की जो समय सीमा उन्होंने पहले तय की है, वह बरकरार है। बख्शी ने कहा कि वह हमेशा जनता से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते रहे हैं और आगे भी जनता के हितों की आवाज मजबूती से उठाते रहेंगे।

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