स्मार्ट मीटर लगाना जरुरी है या विधुत विभाग की विगडती व्यवस्था को सुधारना जरुरी :- प्रवीन कुमार
स्मार्ट मीटर लगाना जरुरी है या विधुत विभाग की विगडती व्यवस्था को सुधारना जरुरी :- प्रवीन कुमार पूर्व विधायक
यह प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पालमपुर के पूर्व विधायक प्रवीन कुमार ने कहा लम्बा समय हो गया स्मार्ट विधुत मीटर लगाये जाने के विरोध में प्रदेश की जनता जगह जगह सडकों पर चीख रही है , चिल्ला रही है ओर इस निर्णय के विरुद्ध सरकार की सेवा में ज्ञापन प्रेषित कर रही लेकिन सुक्खू सरकार के कानों में किसी प्रकार की कोई जूं तक नहीं रेंग रही है। पूर्व विधायक ने रोष भरे लहजे में कहा सुक्खू सरकार प्रदेश की निहायत शरीफ़ जनता को शक की निगाहों से देखकर बिजली चोरी के आरोप में ऐसे फरमान जारी कर रही है। प्रवीन कुमार ने कहा यही नहीं जनता के इतने बडे दबाव के आगे भी अगर सरकार टस से मस नहीं हो रही है तो जाहिर है स्मार्ट मीटर लगाने वाली कम्पनी के साथ सरकार की कोई बहुत बड़ी डील है। ऐसे में यहाँ सरकार के ऊपर सरेआम हाथी के दांत खाने के ओर , दिखाने के ओर वाली कहावत चरितार्थ हो रही है। पूर्व विधायक ने तर्क के साथ कहा आज के आधुनिक युग में आज भी कई जगहों पर बिजली के खम्भो की जगह बांसो , टूटी फूटी पाईपों व पेड़ों के साथ बिजली की तारें लिपटी दिखेगीं । यही नहीं बहुत सी जगहों पर बिजली की आंख मचोली , मोमबत्ती की तरह बल्ब की लाइट , तारों के बिछे मकड़ी के जाल के अतिरिक्त जैसे ही हवा , तूफान चला , असमान में बादलों की गडगडाहट शुरू हुई , एक दम बिजली के गायब होने से पूरी पूरी रात अनेकों क्षेत्र अंधेरे में डूबे रहते हैं। नतीजतन ऐसी कथित कार्यप्रणाली के चलते विभाग को बहुत बड़ा राजस्व घाटा सहन करना पड़ता है। ऐसे में बेहतर होता सुक्खू सरकार स्मार्ट विधुत मीटर लगाने के बजाए इस तरह के विभागीय राजस्व घाटे के साथ साथ वर्णित तथ्यों के आधार पर जनता की स्थायी समस्या के निराकरण , समाधान व अंडर ग्राउंड बिजली की तारों को बिछाने की कोई बड़ी योजना लेकर आती ।


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