स्मार्ट मीटर या 'डिजिटल डकैती'? HPSEBL के खिलाफ शिमला में नागरिक का मोर्चा, चेयरमैन को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
स्मार्ट मीटर या 'डिजिटल डकैती'? HPSEBL के खिलाफ शिमला में नागरिक का मोर्चा, चेयरमैन को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी (शिमला: गायत्री गर्ग) हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड (HPSEBL) द्वारा लगाए जा रहे स्मार्ट मीटरों को लेकर विवाद अब कानूनी और संवैधानिक मोड़ ले चुका है। शिमला के एक जागरूक नागरिक, कैप्टन अतुल शर्मा ने बिजली बोर्ड के अध्यक्ष प्रबोध सक्सेना को पत्र लिखकर बोर्ड की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने बोर्ड के हालिया प्रेस नोट को 'संवैधानिक आतंक' करार देते हुए जनता को डराने-धमकाने का आरोप लगाया है। प्रमुख मुद्दे: 'जज, ज्यूरी और जल्लाद' बना बोर्ड कैप्टन शर्मा ने पत्र में आरोप लगाया कि बिजली बोर्ड उपभोक्ताओं के साथ नागरिकों जैसा नहीं, बल्कि गुलामों जैसा व्यवहार कर रहा है। उनके अनुसार: शिकायतों की अनदेखी: बिना किसी निष्पक्ष जांच के उपभोक्ताओं की भारी बिल संबंधी शिकायतों को सीधे "गलत" करार देना बोर्ड के 'ब्यूरोक्रेटिक अहंकार' को दर्शाता है। प्राइवेसी पर हमला: स्मार्ट मीटरों को 'स्मार्ट सर्विलांस' का जरिया ब...