लोकतंत्र से भाग रही सुक्खू सरकार, पंचायत चुनाव टालने की साज़िश बेनक़ाब : त्रिलोक कपूर
लोकतंत्र से भाग रही सुक्खू सरकार, पंचायत चुनाव टालने की साज़िश बेनक़ाब : त्रिलोक कपूर
छह महीने का बहाना, जनता के अधिकारों पर सीधा हमला, उच्च न्यायालय में कांग्रेस की पोल खुली
पंचायतों पर ताला लगाकर सत्ता बचाने की कोशिश, जनता के जनादेश से डर गई सरकार, इसलिए लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर ब्रेक
उच्च न्यायालय में सरकार की स्वीकारोक्ति— कांग्रेस चुनाव से डरती है
धर्मशाला
हिमाचल प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश वरिष्ठ प्रवक्ता त्रिलोक कपूर ने पंचायत राज संस्थानों के चुनाव को लेकर सुक्खू सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार लोकतंत्र से भाग रही है और पंचायत चुनाव टालने के लिए बहानेबाज़ी कर रही है।
कपूर ने कहा कि उच्च न्यायालय में खुद सरकार ने यह स्वीकार कर लिया कि पंचायत चुनाव करवाने में उसे छह महीने चाहिए, जो इस बात का साफ़ सबूत है कि सरकार की नीयत साफ़ नहीं है। उन्होंने कहा कि पुनर्सीमांकन के नाम पर की गई पूरी कवायद अदालत में औंधे मुंह गिर चुकी है, और अब 10 जनवरी तक आपत्तियों का नया ड्रामा जनता को गुमराह करने की कोशिश है।
जनादेश से डर गई कांग्रेस, इसलिए चुनाव टाल रही है सरकार
त्रिलोक कपूर ने कहा कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार को ज़मीनी हकीकत का अंदाज़ा है कि पंचायत स्तर पर जनता का भरोसा पूरी तरह टूट चुका है, इसलिए सत्ता के संरक्षण में चुनावों को लटकाया जा रहा है। यह लोकतंत्र का गला घोंटने की कोशिश है।
अदालत की फटकार के बाद भी सरकार को शर्म नहीं
कपूर ने कहा कि एक ओर अदालत पुनर्सीमांकन को निरस्त कर चुकी है, दूसरी ओर सरकार बार-बार समय मांगकर संवैधानिक संस्थाओं का अपमान कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब पहले से निर्वाचित प्रतिनिधियों का कार्यकाल समाप्त हो चुका है, तो जनता को कब तक प्रशासकों के भरोसे रखा जाएगा?
भाजपा सड़कों से अदालत तक लड़ेगी लोकतंत्र की लड़ाई
त्रिलोक कपूर ने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने जल्द पंचायत चुनावों की स्पष्ट समय-सीमा घोषित नहीं की, तो भारतीय जनता पार्टी प्रदेशभर में आंदोलन छेड़ेगी और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए हर मंच पर आवाज़ बुलंद करेगी।
कांग्रेस सरकार याद रखे— लोकतंत्र को बंधक बनाकर सत्ता नहीं बचाई जा सकती।


कोई टिप्पणी नहीं