कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से पात्र लोगों तक पहुंचाना सुनिश्चित करें - सुरेश कश्यप सांसद सुरेश कश्यप ने दिशा समिति की बैठक की अध्यक्षता की

 कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से पात्र लोगों तक पहुंचाना सुनिश्चित करें - सुरेश कश्यप


सांसद सुरेश कश्यप ने दिशा समिति की बैठक की अध्यक्षता की
नाहन, 08 जुलाई। सांसद लोकसभा सुरेश कश्यप ने आज उपायुक्त कार्यालय के बचत भवन में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में केंद्र एवं प्रदेश सरकार की विभिन्न विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक को संबोधित करते हुए सांसद ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केंद्र तथा प्रदेश सरकार द्वारा संचालित सभी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध रूप से पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विभागीय अधिकारी पूरी गंभीरता एवं जवाबदेही के साथ कार्य करें, ताकि लक्षित वर्ग को योजनाओं का लाभ समय पर प्राप्त हो सके।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत संचालित विकास कार्यों का नियमित निरीक्षण किया जाए तथा निर्माण कार्यों में प्रयुक्त सामग्री की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने सभी स्वीकृत परियोजनाओं को निर्धारित समयावधि में पूर्ण करने के भी निर्देश दिए।
बैठक में अवगत कराया गया कि जिला सिरमौर में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई)- III  के घटक- II  के अंतर्गत 8 सड़कों का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जबकि पीएमजीएसवाई- IV के घटक- I के अंतर्गत 11 नई सड़कों के निर्माण को स्वीकृति प्रदान की गई है।
राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के 3,159 लाभार्थियों को 6 करोड़ 83 लाख 26 हजार 200 रुपये की सहायता प्रदान की गई है। इसी प्रकार, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना के 1,283 लाभार्थियों को लगभग 2 करोड़ 47 लाख 75 हजार रुपये की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई गई है।
बैठक में बताया गया कि जिला सिरमौर में विद्युत विभाग द्वारा अब तक 1,95,225 स्मार्ट मीटर स्थापित किए जा चुके हैं। वहीं, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत जननी सुरक्षा योजना के तहत अक्तूबर 2025 से मार्च 2026 तक 919 महिलाओं को लाभान्वित किया गया। इसके अतिरिक्त अप्रैल 2025 से सितंबर 2025 तक 2,767 तथा अक्तूबर 2025 से 31 मार्च 2026 तक 2,977 संस्थागत प्रसव दर्ज किए गए।
संसद सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (एमपीलैड्स) की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में कुल 318 कार्यों की अनुशंसा की गई है। इनमें से 281 कार्य स्वीकृत किए जा चुके हैं, 106 कार्य पूर्ण हो चुके हैं तथा 158 कार्य विभिन्न चरणों में प्रगति पर हैं।
जिला सिरमौर में प्रधान मंत्री पोषण शक्ति निर्माण (मिड डे मील) के अंतर्गत राजकीय प्राथमिक पाठशालाओं के 54,294 विद्यार्थियों को पोषणयुक्त भोजन प्रदान किया जा रहा है।
इसके उपरांत, सांसद सुरेश कश्यप ने सड़क सुरक्षा समिति (सांसद) की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में सड़क सुरक्षा से संबंधित विभिन्न बिंदुओं एवं उपायों की समीक्षा करते हुए उन्होंने संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।              
अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी एल.आर.वर्मा ने इन बैठकों का संचालन करते हुए मर्दों को क्रमवार प्रस्तुत किया।
उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने सांसद का स्वागत किया तथा उन्हें आश्वस्त किया कि उनके द्वारा दिए सभी निर्देशों का समयबद्ध पालन करते हुए विकास कार्यों व निर्माण कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
इस अवसर पर विधायक पांवटा साहिब सुखराम चौधरी, विधायक पच्छाद रीना कश्यप, जिला परिषद अध्यक्षा शिवानी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।

टिप्पणियाँ

खबर को दोस्तों के साथ साझा करें:


हिमाचल मीडिया से जुड़ें:

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

10वीं ,12वीं ,ग्रेजुएट इच्छुक आवेदक करें आवेदन

सरकार बदलते ही सरकारी स्कूलों में बैग आबंटन पर रोक लगा दी

नशीले पदार्थों पर टैक्स में वृद्धि करने की मांग को लेकर उपायुक्त चम्बा डीसी राणा के माध्यम से केंद्रीय वित्त मंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया

कांगड़ा में भारी बारिश का रेड अलर्ट, कल सभी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे

भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट: कांगड़ा जिला में कल बंद रहेंगे स्कूल-कॉलेज

90-90 मीटर के छक्के लगा रहे वैभव सूर्यवंशी, लगा ये सनसनीखेज आरोप

हरसर देहरी की लड़की ने हाड़ा में खुद की वीडियो पर लिया यूं टर्न,कहा डिप्रेशन में बनाई थी वीडियो

चंबा में सदवां के ट्रैक्टर मैकेनिक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत

वजीर राम सिंह राजकीय महाविद्यालय देहरी में लगी आग

भारी बारिश के बीच हिमाचल में उच्च शिक्षा संस्थान बंद, ऑनलाइन कक्षाओं पर जोर