ग्रामीण संस्कृति और परंपराओं को संजोने में मेलों की अहम भूमिका : प्रो. चंद्र कुमार
ग्रामीण संस्कृति और परंपराओं को संजोने में मेलों की अहम भूमिका : प्रो. चंद्र कुमार
नूरपुर : विनय महाजन /
नूरपुर प्रदेश के कृषि एवं पशुपालन मंत्री प्रो. चंद्र कुमार ने आज जय पीर बाबा मंदोली में आयोजित छिंज मेले के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। इस अवसर पर आयोजित दंगल में प्रदेश एवं बाहरी क्षेत्रों से आए नामी पहलवानों ने अपने कुश्ती कौशल का प्रदर्शन कर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया।अपने संबोधन में प्रो. चंद्र कुमार ने कहा कि प्रदेश सरकार पारंपरिक मेलों, उत्सवों तथा सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि ऐसे मेले और उत्सव हमारी ग्रामीण संस्कृति, लोक परंपराओं और सामाजिक मूल्यों को सहेजने का कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि मेलों के आयोजन से न केवल हमारी सांस्कृतिक विरासत को संबल मिलता है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी गति मिलती है। उन्होंने सफल आयोजन के लिए मेला कमेटी और क्षेत्रवासियों को बधाई दी।कृषि मंत्री ने दंगल स्थल से संपर्क मार्ग तथा दंगल स्थल (स्टेडियम) के चारों ओर इंटरलॉकिंग टाइल्स लगाने की घोषणा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इसका अनुमान तैयार कर निर्माण कार्य शीघ्र आरंभ करने के निर्देश दिए, ताकि आयोजन स्थल पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाई जा सकें। इसके अतिरिक्त उन्होंने मेला स्थल में पानी की समुचित व्यवस्था के लिए हैंडपंप स्थापित करने की संभावना को लेकर भूजल परीक्षण करवाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि यदि पर्याप्त जलस्तर उपलब्ध पाया गया तो हैंडपंप अवश्य स्थापित किया जाएगा।इससे पूर्व मेला कमेटी ने मुख्य अतिथि को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।इस अवसर पर कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष कर्ण सिंह पठानिया,कांग्रेस प्रवक्ता संसार सिंह संसारी, मेला कमेटी के प्रधान ठाकुर जर्म सिंह, उपाध्यक्ष हंसराज शर्मा, मिंटू शर्मा, डॉ. सुशील शर्मा, बलवान सिंह, संजय पठानिया, बीर सिंह, संजीव पधेड़िया, पुनीत महाजन, विभिन्न पंचायतों के प्रधान, उप प्रधान, विभिन्न छिंज मेला कमेटियों के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

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