आशा कुमारी से मिले चमन राही, आउटसोर्स और ठेकेदारी प्रथा में कर्मचारियों के शोषण का मुद्दा उठा
आशा कुमारी से मिले चमन राही, आउटसोर्स और ठेकेदारी प्रथा में कर्मचारियों के शोषण का मुद्दा उठा
दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों के अधिकारों पर भी हुआ मंथन
साहेब कांशीराम की पुण्यतिथि पर उनके संघर्ष और विचारों को किया नमन
मंडी : अजय सूर्या /
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की वरिष्ठ नेता, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की सचिव एवं पंजाब की पूर्व एआईसीसी प्रभारी तथा डलहौजी से हिमाचल प्रदेश विधानसभा की सदस्य रह चुकीं और प्रदेश सरकार में मंत्री रहीं आशा कुमारी के साथ सामाजिक न्याय, कर्मचारी हितों और वंचित वर्गों के अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। इस दौरान विनीत गौतम, चेयरमैन शिकायत निवारण कमेटी कांग्रेस हिमाचल प्रदेश, चमन राही, अखिल भारतीय दलित पिछड़ा एवं अल्पसंख्यक वर्ग परिषद के महासचिव एवं राज्य प्रवक्ता, शिमला के दलित नेता बिट्टू घारू तथा नरेश चौहान, सदस्य वाल्मीकि कल्याण बोर्ड, उपस्थित रहे। चर्चा में चमन राही ने आउटसोर्स व्यवस्था और ठेकेदारी प्रथा के तहत काम कर रहे कर्मचारियों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाते हुए कंपनियों में कर्मचारियों के कथित शोषण और उनके अधिकारों से जुड़े सवालों पर गंभीरता से विचार करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि श्रमिकों और कर्मचारियों के हितों की रक्षा के साथ-साथ उनके अधिकारों का सम्मान सुनिश्चित करना भी जरूरी है। इस दौरान आशा कुमारी के साथ दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यक वर्गों के अधिकारों, सामाजिक समानता तथा वंचित समुदायों को उनका उचित हक दिलाने से जुड़े विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया। बैठक में बहुजन आंदोलन के अग्रणी नेता साहेब कांशीराम की पुण्यतिथि पर उन्हें कोटि-कोटि नमन करते हुए उनके संघर्ष, विचारों और सामाजिक योगदान को स्मरण किया गया। कांशीराम ने दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने तथा सामाजिक और राजनीतिक भागीदारी के लिए संगठित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उपस्थित नेताओं ने उनके विचारों को आगे बढ़ाने और समाज के वंचित वर्गों की आवाज को प्रभावी ढंग से उठाने की प्रतिबद्धता पर जोर दिया। चर्चा में कर्मचारी हितों की रक्षा, सामाजिक न्याय और समान अधिकारों के सवालों को प्रमुखता से उठाने की आवश्यकता पर बल दिया गया। चमन राही ने हाल ही में नेरचौक मेडिकल कॉलेज में आउटसोर्स नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस मामले को लेकर पूर्व मंत्री प्रकाश चौधरी से भी चर्चा हुई है, शीघ्र ही मुख्यमंत्री के समक्ष इसको लेकर शिकायत दर्ज करवाई जाएगी। दोनों ही नेताओं ने इस मामले को लेकर के खड़ा संज्ञान किया है चमन राही ने कहा कि अभी हाल ही में नेरचौक मेडिकल कॉलेज में एक कर्मचारी ने वेतन न मिलने के कारण पॉइजन खा लिया था। उन्होंने कहा कि यह शोषण की पराकाष्ठा है कि लगातार कर्मचारियों का शोषण हो रहा है लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है।

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