नेरचौक–रत्ती–मैरामसीत सड़क खस्ताहाल, सफर बना जोखिमभरा
नेरचौक–रत्ती–मैरामसीत सड़क खस्ताहाल, सफर बना जोखिमभरा
बड़े-बड़े गड्ढों से हादसों का खतरा, लोगों ने जल्द मरम्मत की उठाई मांग
नेरचौक : अजय सूर्या /
नेरचौक–रत्ती–टांडा–मैरामसीत सड़क की बदहाल स्थिति से क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क पर जगह-जगह बने बड़े-बड़े गड्ढों में बारिश का पानी भर जाने से हालात और भी गंभीर हो गए हैं। वाहन चालकों, विशेषकर दोपहिया चालकों के लिए इस मार्ग पर सफर करना जोखिमभरा बन गया है।
हैरानी की बात यह है कि लोक निर्माण विभाग का डिवीजन और सब-डिवीजन कार्यालय इस सड़क से चंद मीटर की दूरी पर होने के बावजूद सड़क की स्थिति लंबे समय से नहीं सुधारी गई है। रत्ती से सायरा और टांडा तक कई स्थानों पर जल निकासी की नालियां बंद होने से सड़क नाले का रूप ले चुकी है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि विभाग हर महीने सड़क मरम्मत के लिए जेसीबी मशीनों के टेंडर जारी करता है, लेकिन सड़क की हालत देखकर मरम्मत कार्य पर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि खराब सड़क के कारण आए दिन दोपहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त होकर घायल हो रहे हैं।
यह सड़क प्रतिदिन हजारों लोगों की आवाजाही का मुख्य मार्ग है और एक दर्जन से अधिक पंचायतों को नेरचौक से जोड़ती है। रत्ती से हल्यातर तक के ग्रामीणों के लिए यह सड़क जीवनरेखा मानी जाती है। क्षेत्रवासियों ने लोक निर्माण विभाग से जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत कर गड्ढे भरने और जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है।
इस संबंध में लोक निर्माण विभाग, नेरचौक के अधिशासी अभियंता डी.आर. चौहान ने बताया कि सड़क की स्थिति सुधारने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं तथा सड़क पर बने गड्ढों को शीघ्र भरने का कार्य किया जाएगा।

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